प्रेम और तुम's image
Poetry1 min read

प्रेम और तुम

Seema MahapatraSeema Mahapatra March 25, 2022
Share0 Bookmarks 0 Reads0 Likes
मैं लिख लूंगी पत्थर पर भी 
बस वो शब्द राम होना चाहिए 

मैं कर लूंगी त्याग प्यार में भी 
बस प्रीत में वो श्याम होना चाहिए 

हठी हो जाऊंगी प्रीत में उसकी 
बस प्रतिक्षा में वो सोमनाथ होना चाहिए 

और मैं गा लूंगी गीत और ग़ज़ल भी 
बस अल्फाज़ो में वो शख्स होना चाहिए
Seema Mahapatra 

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts