मन's image
Share0 Bookmarks 4 Reads0 Likes

मेरा मन एक बगीचा।

 

बसंत में फूल खिलते हैं।

गर्मी में सूख जाता है फूलों का मधु।

 

बसंत में फूल खिलते हैं।

बारिश में जंगली घास बढ़ती हैं। 



बसंत में फूल खिलते हैं।

सर्दी में पत्तियां गिरती हैं।

 

बसंत के बाद आती है गर्मी।

गर्मी के बाद आती है बारिश। 

बारिश के बाद आती है सर्दी। 

सर्दी के बाद आता है बसंत।

 

समय भी बदलता है मौसम की तरह।

मन समय के साथ साथ कदम उठाता है।

 


No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts