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Romantic PoetryPoetry1 min read

क़सूर निगाहों का ,, गुनाह हम किए जा रहे है ...

SajidaKJSajidaKJ August 29, 2021
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क़सूर निगाहों का ,, गुनाह ,, हम किए जा रहे है ,,,


एक अजनबी को ,,, दिल में जगह ,, दिए जा रहे है …!!!


#साजिदा

@HindiPoemz 

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