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कौन सी मंज़ूरी

Roopali TrehanRoopali Trehan December 4, 2021
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दिल बहलाने के लिए 

ख़्वाब देखना ज़रूरी है

मन मार मार कर जीना

कौनसी मज़बूरी है


ज़िंदा हो तो जिंदा

नज़र आना भी ज़रूरी है

दूजों की हर बात पर हामी भरना

कौनसी जी हज़ूरी है


दिल है नाखुश अगर तो

मुस्कुराना कौनसी मज़बूरी है

बेज़ार हो चुकी हकीकतों से 

निभाना भला कौनसी मंज़ूरी है

✍️✍️

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