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स्त्री: स्त्री होना कहाँ सही है?

Ritika SharmaRitika Sharma December 20, 2021
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स्त्री: स्त्री होना कहाँ सही है?

स्त्री होना कहाँ सही है?
लड़की हो तो घर पर रहो
न रहो तो दामन पर दाग लगना सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

कॉलेज जाओ तो घर जल्दी आओ
दोस्तों के साथ बाहर न जाओ
और दोस्त सिर्फ लड़की को बनाओ
गर लड़के दोस्त हो तो कैरेक्टर पर सवाल भी सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

उम्र शादी की हो गई
तो समय पर शादी होना जरूरी है
न हो तो दिल पर बोझ
समाज की ग़लत सोच भी सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

शादी हो गयी बेटी बहू हो गयी
कुछ आये या न आये
खाना बनाने की मशीन होना जरूरी है
गर खाना अच्छे से न बने तो माँ की शिक्षा पर सवाल जवाब सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

सुबह जल्दी उठना
सबका खयाल रखना
सब कुछ सबके हिसाब से करना
गर ग़लती हो जाये तो पिता के संस्कार पर सवाल भी सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

ज़िंदगी अपने  हिसाब से न जीना
उम्मीद आशा से उसका बंधन में बंधना
खुद के सपने और अपनो को पीछे छोड़ उसका आगे बढ़ना सही है
स्त्री होना कहाँ सही है?

~Ritika

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