करवाचौथ का चाँद's image
Poetry1 min read

करवाचौथ का चाँद

Ravindra RajdarRavindra Rajdar October 24, 2021
Share0 Bookmarks 523 Reads2 Likes

चलनी के इस पार भी चाँद,

चलनी के उस पार भी चाँद। 

दूर खड़ा मै असमंजस में,

सबसे बेहतर कौन सा चाँद। 


एक चाँद जिसे चाँद अगोरे,

और मै अगोरुं मेरा चाँद। 

दूर खड़ा मै असमंजस में,

सबसे बेहतर कौन सा चाँद। 


ये चाँद न हो तो चाँद का क्या,

मेरे चाँद से ही है वो चाँद। 

दूर खड़ा मै समझ गया की,

है सबसे बेहतर मेरा चाँद।


-रविन्द्र राजदार  

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts