वजूद's image
Share0 Bookmarks 450 Reads0 Likes

खौफ है तुझे भला किस बात का

वजूद ही तेरा बेख़ौफ़ जात का

करवटें ले हज़ार चाहे,

वो आँधियाँ, ये आंधियां

और ज़ालिमों की बस्तियां,

चंद लम्हों की हैं वो

फिर ख़ाक की निशानियां

वजूद बस हक़ की है

बाकी सब कहानियां..



” rashid ali ghazipuri “




For My Books:-

https://www.amazon.in/Rashid-Ali-Ghazipuri/e/B09PLL8ZCB

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts