हर  देह  का  चूल्हा ये हैं जलाती। -© कामिनी मोहन।'s image
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हर देह का चूल्हा ये हैं जलाती। -© कामिनी मोहन।

Kamini MohanKamini Mohan June 24, 2022
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हर  देह  का  चूल्हा ये हैं जलाती।
साँसों की धौंकनी एकता है लाती। 

बड़े काम की योग बड़े काम आती।
आत्म  को  परमात्म  से  मिलाती।
-© कामिनी मोहन पाण्डेय।

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