उफ्फ मेरा चाँद…'s image
Share0 Bookmarks 122 Reads0 Likes

उफ्फ मेरा चाँद


न जाने कितनों को दीवाना बनाएगा

कभी दीवाना हुआ बादल

कभी दीवाने हुए कायल

उफ्फ मेरा चाँद…


न जाने कितनों को भला तड़पायेगा

कभी यह घन में छुपता

कभी यह मन में छुपता

उफ्फ मेरा चाँद…


न जाने कौन सी पीड़ को छुपाता दिल में

कभी इसका आकार घटता-बढ़ता

कभी तन पे में काला धब्बा दिखता

उफ्फ मेरा चाँद…


न जाने कौन सी अदा है इसके फलक पर

कभी इसमें महबूब नजर आए

कभी

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts