शोख़ी शबाब हुस्न तबस्सुम हया के साथ's image
1 min read

शोख़ी शबाब हुस्न तबस्सुम हया के साथ

Kunwar Mohinder Singh BediKunwar Mohinder Singh Bedi
0 Bookmarks 41 Reads0 Likes

शोख़ी शबाब हुस्न तबस्सुम हया के साथ

दिल ले लिया है आप ने किस किस अदा के साथ

हर लम्हा माँगते हैं दुआ दीद-ए-यार की

याद-ए-बुताँ भी दिल में है याद-ए-ख़ुदा के साथ

तीर-ए-निगाह लुत्फ़-ओ-करम से न बच सका

जो मर सका न ख़ंजर-ए-जौर-ओ-जफ़ा के साथ

इफ़्शा-ए-राज़-ए-इश्क़ का मुझ से हो क्या गिला

क्या तुम छुपा सके हो उसे इस हया के साथ

दिल कामयाब है न नज़र बारयाब है

पाला पड़ा है इश्क़ में किस बेवफ़ा के साथ

ऐ मोहतसिब हमारे गुनह हैं बजा मगर

रहमत का बाब खुलता है हर इक ख़ता के साथ

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts