मिरी जवानी बहारों में भी उदास रही's image
1 min read

मिरी जवानी बहारों में भी उदास रही

Kashmiri Lal ZakirKashmiri Lal Zakir
0 Bookmarks 56 Reads0 Likes

मिरी जवानी बहारों में भी उदास रही

फ़ज़ा-ए-दर्द-ए-तमन्ना को रास आ न सकी

ख़ुशी उफ़ुक़ पे खड़ी देखती रही मुझ को

उसे बुला न सका, ख़ुद वो पास आ न सकी

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts