किशोरावस्था's image
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दिल को कभी लगता लाज़मी बिखर जाना,

इससे समझता बाकी भीतर निखार लाना!

किशोरावस्था देता अनुभवों को नज़राना,

इच्छापूर्ति का तो होता अक्सर नया बहाना!

सद्भावना के लक्ष्य को चाहता हृदय पाना,

तजुर्बे से कई गुणों को होता भीतर आना,

जो अपनी जि़म्मेदारियों को बराबर जाना,

वो गलतियों को छिपाने में ना रहता रवाना,

झूमने दिल करता सुन पसंदीदा सा तराना,

दिवास्वप्न में खुमार का सरल होता हैं छाना!

सिखलाता बहुत कुछ स्वस्थ्य सा याराना,

कोई रहता तल्लीन अपने शोध में दीवाना,

कोई महसूस करता खुदको बाग़ी परवाना,

अनुशासन से सरल किंतु स्वप्न का संवर जाना,

ज़रूरी वो जैसे धुन लिखने बाद कोई गाना!

गुस्ताखी में हो जाता ज़रा अपनों को सताना,

मन देखता मां पिता का जतन से ज़ारी कमाना!

हिसाब लगाता दिमाग कितना जेबखर्च बचाना,

प्रौढ़ होते तलक छूटता वो मिजाज़ काफ़िराना,

समझ निर्मित होती बदल जाता हर अफसाना!

याद रहता फिर हर मज़ेदार किस्सा वो पुराना,

किशोरावस्था में जो सब्र के फल को मीठा माना,

जिसको ना फिक्र रहती क्या सोचता ज़माना,

उसकी प्रबल रहती सीखने की क्षमता रोज़ाना।


यति







From my teenage to yours!


Much Love

&

Much Light!


"Love your life and life will love you back!"

:)


❤️




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