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अपने अपने शिखर

Thakur Yogendra SinghThakur Yogendra Singh January 9, 2023
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अपने अपने शिखर सभी के, अपने अपने लक्ष्य तमाम।

अपनी अपनी उम्मीदें हैं, अपने अपने सफर, मुकाम।।


अपनी अपनी मनोकामना,अपनी ही प्राथमिकताएं हैं।

अपनी अपनी लगन, हौसले, अपनी अपनी शंकाएं हैं।।


अपनी अपनी कोशिश, हिम्मत, अपने अपने हैं परवाज।

अपने अपने तौर तरीके, अपनी अपनी सोच, समाज।।


हर इंसान अपनी पसंद, से ही चुनता है अपनी राह।

चाह एक की पगडंडी है, और सड़क दूजे की चाह।।


लक्ष्य किसी को हासिल होता, कोई बीच राह रुक जाता।

कोई लड़ता बाधाओं से, कोई नतमस्तक हो झुक जाता।।


कोशिश अगर की गई मन से, और लगन से किया प्रयास।

कदम सफलता चूमेगी ही, बेशक वक्त लगे दिन, मास।।


सब कुछ गर अपनी पसंद का, हो जाए तो क्या कहना।

न भी हो पाए तो खोना मत विश्वास सदा आशान्वित रहना।।


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