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मैं, तुम और ज़िंदगी

Tannay KumarTannay Kumar December 6, 2022
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हूँ अगर टूटा हुआ मैं तो तुम मुझे संभाल लेना,

एक कहानी है ये मेरी ज़िंदगी

उसे एक छोटा क़िस्सा ना बन जाने देना,


मेरी हर छोटी, मेरी हर बड़ी कामयाबी से ख़ुशी ढूँढ लेना 

जब कभी मैं ग़लत रास्ते पर निकल जाऊँ 

 तब डाँटकर सही रास्ते पर ले आना,

अगर मैं रो दूँ 

तो मुझे खामोशी से दुलारकर मेरे रोते ज़ख़्म को सहलाना 

मेरा विश्वास तुमसे है 

 मेरी उम्मीद तुमसे है

 तू मुझे छोड़ कर कभी ना जाना।


एक मुश्किल लम्बा सफ़र है ये ज़िंदगी

तेरे पीछे खड़ा रहूँगा,

जब भी दोस्ती का इम्तिहान होगा 

तो इसकी कसौटी पर मैं खरा रहूँगा 


ग़र मैं मिट जाऊँ इस जहाँ से तेरी ताक़त ना घटने देना,

तेरी तक़दीरतेरी क़िस्मत तू खुद दोस्ती के कलम से लिखना।  


- By Tannay Kumar

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