छल's image

              छल


उसने अल्फ़ाज़ों को तोड़ा मरोड़ा

चीनी की चासनी में डुबोया

चमचमाती तश्तरी में सँजोया

फिर चाँदी का वर्क ओढ़ परोसा

वो आज फिर छलने में कारगर हुआ

             -सुधीर बडोला

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts