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शायद यही सही है

SHIVALIKA PANDEYSHIVALIKA PANDEY November 6, 2021
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क्योंकि शायद यही सही भी है

और वक्त की ज़रुरत भी


शायद साथ यही तक का था

सदा का नहीं


शायद हम मिले थे बिछड़ने के लिए

साथ के लिए नहीं


शायद तुम किसी और के हो

मेरे नहीं ...



~ शिवालिका



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