उपकार का ऋण's image
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किसी का अहसान कितना भी

छोटा हो कभी मत भूलना,

अपना अहसान कितना भी बड़ा

हो कभी मत जताना ।

कुछ अच्छा करके उसे सरेआम कर

देते हो तो उस व्यक्ति के साथ साथ

अपने भी छोटेपन का अहसास करा

देते हो ।

किसी के एहसान या मदद को भूल जाना

कृतघ्नता का सूचक है,

क्योंकि किस परिस्थिति में आपके ऊपर

किया गया वह महत्वपूर्ण है,

ना की उस उपकार का आकार या मात्रा,

आपका आचरण ही आपके व्यक्तित्व

का मूल्यांकन करता है ।।

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