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तेरे राह के हर कांटे

Sahdeo SinghSahdeo Singh December 12, 2021
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तेरे राह के हर कांटे फूल बन जाएं,

तूं गुजरे जिधर से मधुमास छा जाए,

तेरे पायल की रुनझुन में संगीत जीवन का,

तेरी नजरें जिधर घूमें बहार आ जाए ।

तुम तरन्नुम हो किसी साज की

आवाज बन गूंजे ,

तुम्हारी झंकार पर कायनात में प्राण आ जाए ।।

तुम ईश्वर हो या कि मानव कह नहीं सकता,

तुम्हारे नटखट पन पर “देव” दास बन जाए ।।

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