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भेद मिटाती मधुशाला

Sahdeo SinghSahdeo Singh August 29, 2022
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जाति धर्म का भेद नहीं छोटा बड़ा का मोल नहीं

हिंदू मुस्लिम सिख ईसाई का मेल कराती मधुशाला

प्याला भर भर हाथ में लेकर झूम रहा पीने वाला

गले मिल रहे एक दूजे से प्यार कराती मधुशाला

होश नहीं पीने वालों को भूल गए गम का छाला

खुशियां मनाते नाचते गाते होठों पर मधुरस प्याला

मंदिर मस्जिद गुरुद्वारा का नाम ना ले पीने वाला

आपस में सब गले मिले हैं भेद मिटाती है हाला

पीने वाला भूल गया अपने गम का छाला

इंसानियत का पाठ यहां है नहीं कोई टकराव यहां है

मस्ती सस्ती भरी पड़ी है एक घूंट का प्याला

मेल कराती भेद मिटाती मधुशाला ।।

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