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हो जाती अक्सर देर है

Roopali TrehanRoopali Trehan October 18, 2021
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समझना समझाना कुछ नहीं

सब समय समय का फेर है

पहुंचना हो जहाँ ज़रूरी

वहाँ अक्सर हो जाती देर है


रिश्ते नाते कुछ नहीं

सब लेन देन का खेल है

जज़्बातों की नगरी में

मचा गज़ब का अँधेर है


दूरियाँ नजदीकियाँ कुछ नहीं

सब भावनाओं का हेर फेर है

जहाँ हो दिल के तार जुड़े

वहाँ ख़ुद ही हो जाता मेल है

✍️✍️

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