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दर्द के आईने

Roopali TrehanRoopali Trehan April 4, 2022
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दर्द के ये आईने हैं

यहाँ हर जज़्बात

के मायने हैं


उदासियों के ये ठौर हैं

बेचैनियों के

अपने ही तौर हैं


गमों की ये करवटें हैं

इनमें मायूसियों

की सिलवटें हैं


परेशानियों के ये दौर हैं

यहाँ राहतों का न ज़ोर है

यहाँ राहतों का न ज़ोर है

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