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खुशमिज़ाज जमाना ' हैरान '

Rajeev Kumar SainiRajeev Kumar Saini December 25, 2021
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जमाने की खुशमिज़ाजी ,

इसे नागवार है उदासी ,

कोई हँसे तो हँसता है ये ,

कोई रोए तो भी हँसता है ये ,

हर गम भूल कर हँसता है ये ,

इसे रोकती नहीं दुश्वारी ,

इसे नागवार है उदासी ,

ये जमाने की खुशमिजा़जी ।

 - राजीव ' हैरान '

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