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क्षणिकाएं !

R N ShuklaR N Shukla April 27, 2022
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१–नफ़रतों के दौर में भी
     प्यार करना कब मना है ?

२–तेरी नफ़रतें ग़र आखिरी नहीं हैं 
     तो मेरे प्यार करने की –
     जिद्द भी आखिरी नहीं है !
३–तेरे घर के सामने –
     एक घर बनाना चाहता हूँ
     ऐ मेरे हमदम ! तुम्हें–
     मैं आजमाना चाहता हूँ !     

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