।। सुविचार ।। #मुक्तामणियाँ 90's image
MotivationalStory1 min read

।। सुविचार ।। #मुक्तामणियाँ 90

Mukta Sharma TripathiMukta Sharma Tripathi March 21, 2022
Share0 Bookmarks 11 Reads0 Likes
अपने मस्तक पर प्रकाश का स्रोत और न जाने क्या-क्या सजाए उज्जवल आकाश, अपने बराबर किसी को न पाकर खूब इठलाता है। 
मगर
अप्रत्याशित धूल कण बिन पंखों के उस तक पहुँच उसका सारा प्रकाश निगल जाते हैं।
इसलिए सफल होकर निश्चिंत न हों, चैतन्य रहें।
✍मुक्ता शर्मा त्रिपाठी

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts