खत's image
Share0 Bookmarks 31 Reads1 Likes

कितना खूबसूरत लिखा था उसने

पहली बार जब किसी के लिए "खत" लिखा था,

सिर्फ जवानी तक नहीं बल्कि

झुर्रियों तक सफर तय करना है

कुछ ऐसा मेरे लिए खास लिखा था|




पर अब वो प्रेमी नहीं दिखते जो

जज्बात लिख पाएं कागजों पर अपने,

अब तो फोन पर खट-खट अंगुलियाँ चलाकर

उडेल देते हैं दिल की बात "WhatsApp Chat" पर

और वो खत पुराने कहीं अल्मारी में

धक्का खाते हैं, कभी इस कोने तो कभी दूसरे कोने

और कभी कोशिश करते हैं सांस लेने की

उसी अल्मारी में धूल तले|

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts