पाप पुण्य's image
Share0 Bookmarks 17 Reads0 Likes

धरती से आकाश तक

पुण्य के प्रताप तक

जीवन से मरण तक

प्राणियों की पुकार तक


मन के चक्षु खोल कर

एक बार तू देख तो

पाप_पुण्य के लोक में

सर्वत्र उसका राज है ।


मं शर्मा (रज़ा)

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts