ख्वाब's image
Share0 Bookmarks 7 Reads0 Likes

वो ख्वाब

जो अधूरे हैं

वो यादें

जो विस्मृत हैं


कौन जाने

कब कहाँ

किस तरह

पूरे हो जाने हैं ।


मं शर्मा( रज़ा)

#स्वरचित

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts