shayari of virah's image
Share0 Bookmarks 25 Reads1 Likes
घड़ी विरह की आयी है कृष्ण 
साथ हमारा टूट गया
फिर भी क्यूँ न जाने 
एहसास तेरा रह गया 
वादा है ये तेरी राधा का
प्रीत तुझसे लगाऊँगी
किस्मत में ना सही
 दिल में तुझे बसाऊँगी 

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts