मन की व्यथा's image
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एक एक कर ,हर ऋतु बीती 
बीतो सावन , बीत गयो वसंत 
जोगन बन बाट जोहते
बनी कभी मीरा, कभी राधा रंग  
हँसता मुख और मन की व्यथा का अभिनय
तू क्या जाने रे मोहन , तू क्या जाने रे मोहन
~ लक्ष्मी

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