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दौरे- ए -सियासत मै बगावत नहीं होता

K.S SiddiquiK.S Siddiqui December 4, 2021
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दौर- ए- सियासत में बगावत नहीं होता


लब सब के सिले है हिफाजत नहीं होता



इस दौर में बिकने के लिए खड़े है सभी


यहां किसी को वतन से मोहब्बत नहीं होता



उचे ऊचे दरबारो में आला आला लोग पड़े हैं


ये सभी टुकड़ों पर जीते है इज्ज़त नहीं होता



हस्ती उनकी मिट जाती हैं दूसरे को गिरते हुए


वो हमको क्या उठाएंगे जिनकी कैफियत नही होता



'कयाम' जहां दिल लगाना वहा खुद को देख लेना


रिश्ते अक्सर टूट जाते है जिनकी हैसियत नहीं होता



~Kssiddiqui

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