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बैसाखी की शुभ कामनाएं

JAGJIT SINGHJAGJIT SINGH April 13, 2022
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आज का दिन बहुत सिख धर्म में बहुत है खास ।

13अप्रैल आज ही के दिल 1699सदी में गुरु गोबिंद सिंह जी ने रचा था इतिहास ।


आज ही के दिन गुरु गोबिंद सिंह जी ने खालसा पंथ की स्थापना की थी ।

सिख धर्म को एक अलग ही पहचान दी थी ।


गुरु गोबिंद सिंह जी ने ऐसी फ़ौज बना दी ।

मुगलों से जंग लड़ने के लिये है हर सिख ने अपनी जी जान लड़ा दी ।


वैशाखी के दिन हर गुरुद्वारे में बड़ी रौनक लगती है ।

सारी संगत बड़ी दूर दूर से गुरुद्वारे में आती है ।


पूरी श्रद्धा के साथ संगत द्वारा माथा टेका जाता है ।

गुरु घर में बना लंगर भी पंगत में बैठ के खाया जाता है ।


किसानों द्वारा आज ही के दिन फ़सल भी काटी जाती ।

एक तरफ़ वैशाखी की खुशी और दूसरी तरफ़ फ़सल की खुशी बड़ी धूम धाम से मनाई जाती ।


हर साल 13अप्रैल को वैशाखी का त्योहार था आता ।

लेकिन इस बार पता नहीं क्यों इसका दिन 13अप्रैल की जगह 14अप्रैल बदल कर दिया जाता ।


प्रभु,नीलू दीदी और मेरी मां के आशिर्वाद के बिना तो उनके सनी से एक शब्द तक लिखा नहीं जाता✍️

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