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मेरा देश गरीब चलाता है

Hitesh PalHitesh Pal March 17, 2022
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मेरा देश गरीब चलाता है
अलग-अलग लिबास में
अपना फर्ज निभाता है
कभी खेत का किसान
कभी शहर का मजदूर बन‌ जाता है 
मेरा देश गरीब चलाता है ।।

सोता है खुद झुग्गी मे 
लोगो का महल बनाता है 
खुद रोशनी से वंचित रहकर 
देश को जगमगाता है
मेरा देश गरीब चलाता है ॥

खुद अन्न से वंचित रहकर, 
लोगो की थाली सजाता है, 
लोगो से घृणा मिलने पर भी, 
उनका सम्मान किए जाता है 
मेरा देश गरीब चलाता है ।।

✍️(हितेश पाल)

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