थक गया हूं जिन्दगी's image
Kumar VishwasPoetry1 min read

थक गया हूं जिन्दगी

Dheerendra PanchalDheerendra Panchal February 18, 2022
Share0 Bookmarks 55 Reads1 Likes

थक गया हूं जिन्दगी

अब राह कुछ तो दे

गिर गया हूं मैं

तू फिर से उठा दे

करना था सपना पूरा

पर हुआ कुछ नहीं

टूट गया सपना

बचा कुछ नहीं

ये जिन्दगी तुझसे

मैं हारा इस कदर

टूटा हूं इस कदर

बिखरा हूं इधर उधर


✍️✍️ Dheerendra Panchal (Dheeru)

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts