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बेटे भी पराए होते है

देश दीपकदेश दीपक June 13, 2022
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कल तक जो घर के लाडले थे आज वह अकेले रो लेते 
खाने में नखरेेेेे करने वाले अब खुद पकाके कच्चा पक्का खा लेते हैं 
उठ कर पानी तक ना पीने वाले अब खुद कपड़ेेे धो लेते हैं
बहन को छोटी-छोटी बात पर तंग करने वाले अब बहन को याद करके रो लेते है
डांट पड़ने पर मां से शिकायत करनेे वाले
अब जमाने के सो नखरेेे सह लेते हैं

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