मुंसिफ/जज's image
Poetry1 min read

मुंसिफ/जज

AZAD MADREAZAD MADRE May 27, 2022
Share0 Bookmarks 9 Reads0 Likes
हमारा फ़ैसला करनेवाले इन झगड़ों में उलझे हुए है,
कि वो मेरी जगह बैठ गया ये मेरी जगह बैठ गया।
~आज़ाद

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts