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इंतजार अच्छा नहीं लगता

Anu singhAnu singh January 29, 2022
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ये गलियां,ये रास्ते,ये शहर

अच्छा नहीं लगता

हम जहां रहते हैं

वो घर अपना नहीं लगता।


वो राते,वो ख्वाब सब याद है मुझे

आज ज़िंदगी की कड़वी सच्चाई है

सपना अच्छा नहीं लगता।


अंधेरे में भी चलते हैं मुस्कुराके दोस्तों

हर पल रोना अच्छा नहीं लगता।


एक तेरे दर पे फरियाद के सिवा कुछ नहीं आता 

अगर सुनते हो तो सुनो

अब ये इंतजार अच्छा नहीं लगता....।

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