इतना उजाला क्यों दिया ?'s image
Poetry1 min read

इतना उजाला क्यों दिया ?

amitabh srivastavaamitabh srivastava September 3, 2021
Share0 Bookmarks 45 Reads0 Likes

इतना उजाला क्यों दिया

कि आंखें चौंधिया गईं

इतना अंधेरा क्यों दिया

कि रास्ते अब ढूंढे तुम्हें

इतना क्यों मुसकुराये तुम

कि हर कोई

अब रो रहा है

तुम तो हर मुश्किल से

जीत कर निकलते थे

ऐसा भी कहां गये अबकी

कि राह तकते रात से सवेरा हो गया


(सिद्धार्थ शुक्ला को समर्पित)






No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts