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अधूरी तहरीरें

aktanu899aktanu899 September 25, 2022
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कुछ अधूरी तहरीरें हैं

कुछ बेमानी से लफ्ज़ हैं ,

कुछ भटकते हुए खयाल हैं

कुछ अजब सी कशमकश और उलझने हैं,

कुछ अनसुलझे से सवाल हैं

कुछ नाउम्मीद सी उम्मीदें हैं,

 कुछ अनकही बातें हैं

कुछ अनसुनी शिकायतें हैं,

अजब इस दुनिया के रस्मों रिवाज

अजब रवायतें हैं

दिल की अजब गुस्ताखियां हैं ,

दिल की अजब हिमायतें है ।

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