WHAT PEOPLE SAY ABOUT US

KAvishala Arvind Gaur

कविशाला सार्थक और अद्भुत कार्य कर रहा है।कवि, कविता, पाठक व श्रोताओ के मध्य संवाद की शानदार पहल के लिए बधाई।

– अरविन्द गौड़ , निर्देशक – अस्मिता थियेटर।

KAvishala Arvind Gaur

कविता को घर घर पहु्चा कर और हर पल आम पाठक तक सुलभ कराने का कविशाला का यह अभियान अनोखा है। दिल को अनायास छू लेने वाली पंक्तियाँ पाठ्यक्रम के साहित्यिक कारागार से कविता को मुक्ति दिला पंख पसारने का मौक़ा देती जान पड़ती हैं। बधाई!

पुष्पेश पंत,( प्रख्यात शिक्षक, भोजन आलोचक, भोजन इतिहासकार)

KAvishala Arvind Gaur

रिवायतों की सफहें, तोड़ कर बड़ो वरना, जो तुमसे आगे हैं वो रास्ता नहीं देंगे !

– राहत इन्दोरी

KAvishala Arvind Gaur

कविशाला एक बेहतरीन कोशिश है हम सबके अंदर छिपी कविताओं को बाहर निकालने की, हम सबके अंदर के कवि को जगाने की। बहुत अच्छा लगता है युवाओं का लिखा पढ़ना और एक उम्मीद जागती है कि हिंदी का अस्तित्व बचाने के लिए युवा आगे आ रहे हैं। मेरी शुभकामनाएं !!

– ऋचा अनिरुद्ध ( टीवी पत्रकार)

KAvishala Avinash Das

कविशाला की गली सही है। कविताएं, शायरी और शब्द के तमाम मोहल्लों के मुहाने पर हमें छोड़ आती है। आप भी इस गली में घुस सकते हैं।

– अविनाश दास (पत्रकार और फिल्म निर्देशक)

Aseem Trived Kavishala

कविशाला में मेरा अनुभव चौंकाने वाला रहा है. आपने अगर कविशाला का कोई मीट अप अटेंड नहीं किया तो आप कविता के आज और कल को लेकर सही कयास हरगिज़ नहीं लगा सकते. आप यकीन नहीं करेंगे कि धिन्चक पूजा और हनी सिंह के समय में युवा कविता में न केवल दिलचस्पी दिखा रहे हैं बल्कि बेहद खूबसूरत कविताओं का सृजन भी कर रहे हैं. हम सब जानते हैं कि कविता का आने वाला कल तब तक समृद्ध नहीं हो सकता जब तक उदीयमान कवियों को मंच और माहौल न मिले, जो कि कविशाला में बखूबी हो रहा है. कविशाला असल में कविता की जीती जागती वर्कशॉप है जो कविता में लोगों की दिलचस्पी जगाने और उसे पकाने दोनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है. इसके लिए अंकुर मिश्रा और उनकी पूरी टीम यकीनन बधाई की पात्र है.

– असीम त्रिवेदी (राजनीतिक कार्टूनिस्ट और कार्यकर्ता)

KAvishala Arvind Gaur

Any attempt to promote poetry and literature ought to be acknowledged and applauded. I am happy to note that Kavishala is investing energy and efforts towards the cause. Many congratulations and sincere wishes to the team.

– Dolly Singh (Founder – Delhi Poetry Festival)

KAvishala Trushiika Narang

I have been the student of Journalism and have now started my career with News 18. I have this keen interest in writing and I would love to share my thoughts on this platform.

–  Trushiika Narang (Journalist – News 18)

KAvishala Gaurav

Your effort of providing a platform to Hindi Poem Writers is really admirable, Thank you for helping our community in such way.

–  Gaurav Sankhla (From Jaipur)

Rajat Chopra

I found kavishala an amazing platform for budding poets or say for people interested in poetry. Kudos Kavishala!

–  Rajat Chopra (New Poet)