Category: Pankaj Rawat

सफ़र 0

सफ़र

रास्ते मंज़िलों से मिलें ये ज़रूरी नहीं, हर सफ़र का सफ़र में मज़ा लीजिए।  

ज़िन्दगी 0

ज़िन्दगी

कई तंग गलियों से चुपचाप गुज़र जाती है, ज़िंदगी किताबों में कुछ और पढ़ी थी हमने।  

मौत 0

मौत

मौत से बातें चार कर के देखेंगे, इश्क़ फिर एक बार कर के देखेंगे।  

दोस्त… 0

दोस्त…

दोस्तों से अरसा हुआ बात करे, फ़ेसबुक पर हुजूम लिए बैठे हैं। #दिलसे #दोस्त

बच्चे… 0

बच्चे…

खेल के मैदानों में इन्हें तलाशने दो जिंदगी, किताबों की ख़ाक छानने को है उम्र बाकी। #दिलसे #बालदिवस #ChildrensDay

जनता 0

जनता

ये जो जनता का पैसा खा जाते हैं, हैरान हूँ रातों को सो कैसे पाते हैं। #दिलसे #जनता

रात.. 0

रात..

शाम महफ़िल में तेरा चर्चा रहा, रात मेरी महकी सी आज गुज़रेगी। #दिलसे

आसमाँ अब मेरी ज़मीन… 0

आसमाँ अब मेरी ज़मीन…

ख़ामोश हूँ शब्दविहीन जीवन क्या अर्थहीन ना उमड़ते ख़्याल कहाँ वो सवाल बस चलना दिशाहीन आसमाँ अब मेरी ज़मीन। #दिलसे

याद.. 0

याद..

थोड़ा सा और बर्बाद करता है, वो जब भी मुझे याद करता है। #दिलसे

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