Category: Danishmohd khan

उसको कभी अश्क़बार देख 0

उसको कभी अश्क़बार देख

कोई खबर भी सुन ले या फिर इश्तेहार देख सब झूठ का ग़ुबार है तू जितनी बार देख बर्बादियों में लुत्फ़ बहुत आएगा तुझे इस दिल को करके तू भी कभी बेक़रार देख दुनिया...

आजाद है हम 0

आजाद है हम

Azad hain hum Azad hain hum Shaheedo ki qurbani hain, Veeroki faryaad hain hum Azad hain hum……….. Bismil ka wo geet hain hum, Tagore ka raag hain hum Hum hain veer bhagat singh, Wo...

ठेकेदार यहाँ पर बैठे हैं 0

ठेकेदार यहाँ पर बैठे हैं

लेके सब तलवार यहाँ पर बैठे हैं हम भी लेके प्यार यहाँ पर बैठे हैं रब ने जन्नत अपने ज़िम्मे रक्खी है नरक के ठेकेदार यहाँ पर बैठे हैं इश्क़ से बच जाते तो...

शिकस्ता 0

शिकस्ता

में शिकस्ता हो गया हूँ आज के हालात से रस्सी ढीली पड़ती जाती है मेरे भी हाथ से में उसूलों के क़िले में क़ैद होकर रह गया मेरा अब न धूप से रिश्ता है...

अब ना यूँ कश्मकश में डाल मुझे 1

अब ना यूँ कश्मकश में डाल मुझे

अब ना यूँ कश्मकश में डाल मुझे या तो गिरने दे या संभाल मुझे फिर से देखा है एक कली खिलते आ गया फिर तेरा ख्याल मुझे तू ही फिर दर्दे दिल को पैदा...

इतना हंसती है जैसे रोई हो 0

इतना हंसती है जैसे रोई हो

जाने किन उलझनों में खोयी हो इतना हंसती है जैसे रोई हो नींद आँखों में ऐसे जागी है जैसे बरसो से वो न सोई हो बाद मुद्दत ये कैसी दस्तक है दिल ये कहता...

Majhdaar mein rehna nahi hai 0

Majhdaar mein rehna nahi hai

Bhanwar ki bediya pehna nahi hai Mujhe majhdaar mein rehna nahi hai Nahi rukna mujhe manzil se pehle Sitam toofaan ke sehna nahi hai Mujhe majhdaar mein rehna nahi hai Mein dariya ke bhi...

किनारा मांग लेते हैं 1

किनारा मांग लेते हैं

खड़े हैं पाँव पे फिर भी सहारा मांग लेते हैं ज़रा लहरें जो आ घेरें, किनारा मांग लेते हैं सफर में धुप की शिद्दत हमें चलने नहीं देती इजाज़त हो तो हम आँचल तुम्हारा...

Mein ro pada aitraaf karke 0

Mein ro pada aitraaf karke

Sabhi marasim wo tod karke, Meri ana ko bhi maaf karke Mujhi ko mere khilaaf karke, Chala gaya ikhtilaaf karke Wo baadshah hai sabhi jahan ka, nikalna mushkil hai uski zad se Kabhi jo...